ट्रेडिंग चार्ट को समझना – बार चार्ट, वॉल्यूम और टाइम की तुलना

एक पेशेवर ट्रेडर होने के लिए आपको फोरेक्स चार्ट को पढ़ने और चार्ट पैटर्न के पीछे छिपे मनोविज्ञान को समझने में सक्षम होना चाहिए।

एक बार जब आप फोरेक्स चार्ट को पढ़ना जान जाएँ, तो आपको भविष्य में बाजार के मूवमेंट के बारे में अटकलें लगाने की ज़रूरत नहीं रहेगी। आपको केवल उन निर्देशों का पालन करना होगा जो चार्ट आपको करने के लिए कह रहे हैं। पैटर्न एक नक्शा बन जाते हैं जो निर्देश देते हैं कि आपको ट्रेड कैसे करना चाहिए।

टेक्नीकल ट्रेडर चार्ट पढ़ने और पैटर्न की ट्रेड करने के तरीके के बारे में जानते हैं। वे भविष्यवाणी करने की कोशिश नहीं करते कि क्या होने वाला है, बल्कि चार्ट डेटा में जो हो रहा है उस पर प्रतिक्रिया करने की कोशिश करते हैं।

चार्ट के प्रकार

सबसे पॉपुलर फोरेक्स चार्ट हैं बार चार्ट, कैंडलस्टिक चार्ट और लाइन चार्ट हैं। ये सरल चित्र हैं ताकि आप उनके बीच सबसे आम फर्क को देख सकें।

फोरेक्स मूल्य (Forex Price)

किसी भी फोरेक्स चार्ट में कीमत (Price) बाजार में भाग लेने वाली सभी शरीकों की गतिविधि को प्रदर्शित करती है। खरीदारों और विक्रेताओं के बीच सम्बन्ध, या बाजार की सप्लाई और डिमांड पक्ष ही मूल्यों में बदलाव लाते हैं।

प्राइस चार्ट का विश्लेषण करके आप बाजार के सामग्रिक मनोविज्ञान की एक स्नैपशॉट पा लेते हैं। इसके माध्यम से, आप उन क्षणों को पहचान पाने में सक्षम होते हैं, जब आपको करेंसी पेयर को खरीदना या बेंचना है।

चार्ट पर टेकनीकल एनालिसिस टूल को लागू करने पर यह निर्धारित करने में हमें सहायता मिलती है कि भविष्य में कीमतों का क्या होगा। वे हमें बाजार की दिशा और उसके मौजूदा रुझान की ताकत के बारे में भी अंतर्दृष्टि देते हैं।

बार चार्ट

बार चार्ट के जरिये किसी एक दिन के सभी करेंसी पेयर के मूल्य की जानकारी लंबवत रेखा (vertical line) पर दिखाई जाती है। बार चार्ट पर पहली कीमत खुली कीमत (open price ) है और इसे बार के बाईं ओर एक छोटे नॉड (node) के रूप में चिह्नित किया जाता है। क्लोजिंग प्राइस बार पर दायीं ओर एक दूसरी गाँठ (node) के रूप में चिह्नित किया जाता है। प्राइस सीलिंग उस दिन के लिए प्राइस की सर्वोच्च कीमत है, और प्राइस फ्लोर सबसे न्यूनतम मूल्य है जिसे दिखाया गया है।

बार चार्ट एक बहुत व्यापक चार्टिंग विधि है। टेकनीकल एनालिसिस इन कीमतों का अध्ययन करती है।

बार चार्ट

वॉल्यूम (Volume)

कुल वॉल्यूम सभी ऑर्डर का योग है – खरीद और बिक्री दोनों का। यदि सेलिंग वॉल्यूम की तुलना में खरीद वॉल्यूम ज्यादा है, तो मुद्रा का मूल्य बढ़ेगा और मुद्रा की कीमत बढ़ती जायेगी। हालांकि, अगर बिक्री वॉल्यूम खरीद वॉल्यूम से ज्यादा है, तो मुद्रा का मूल्य घट जाएगा और मुद्रा की कीमत गिर जाएगी।

यदि करेंसी प्राइस बढ़ रही है लेकिन वॉल्यूम घट रहां है, तो यह एक प्रारंभिक संकेत हो सकता है कि ट्रेंड कमजोर हो रहा है और उलटे ओर जा सकता है। वहीं अगर मुद्रा की कीमत गिर रही है, लेकिन वॉल्यूम बढ़ रहा है।

ध्यान दें, फोरेक्स मार्केट ग्लोबल और विकेन्द्रीकृत (decentralized) बाजार है, इसलिए ट्रेड वॉल्यूम डेटा पूरी तरह सटीक नहीं होता है। अर्थात, ट्रेड किये गए वास्तविक वॉल्यूम का कोई एकदम सटीक उपाय नहीं है, इसलिए वॉल्यूम डेटा को वास्तविक वॉल्यूम का महज एक संकेत माना जाता है।

समय की तुलना (Time Comparisons)

एक प्राइस बार समय की एक अवधि का रैखिक प्रतिनिधित्व (linear representation) है। फोरेक्स मार्केट की एनालिसिस में कई अलग-अलग टाइम फ्रेम का इस्तेमाल किया जाता है। सभी फोरेक्स चार्टिंग प्लेटफ़ॉर्म 1 मिनट से लेकर साप्ताहिक, या यहां तक ​​कि मासिक टाइम फ्रेम की पेशकश करते हैं। एक करेंसी पेयर का विश्लेषण करने के लिए कोई भी सर्वश्रेष्ठ टाइम फ्रेम नहीं है।

डेली चार्ट जैसे उच्चतर चार्ट फ्रेम सबसे प्रासंगिक सपोर्ट और रेजिस्टेंस लेवल का बेहतर परिप्रेक्ष्य प्रदान करते हैं।

सही टाइम फ्रेम का चयन इस बात पर निर्भर करता है कि आप किस प्रकार के ट्रेडर हैं। यदि आप दिन के ट्रेडर हैं तो आपको छोटे रुझानों को पकड़ने के लिए छोटे टाइम फ्रेम का उपयोग करने की आवश्यकता है। यदि आप एक स्विंग ट्रेडर हैं तो आपको फोरेक्स में सबसे बड़ी स्विंग्स को पकड़ने के लिए बड़े टाइम फ्रेम का उपयोग करने की ज़रूरत होगी।

टाइम फ्रेम तुलना (Time Frame Comparisons)

आप जिस तरह के ट्रेडर हैं, उस पर निर्भर करते हुए आप अपने लक्ष्यों को हासिल करने के लिए इन अलग-अलग टाइम फ्रेम का उपयोग कर सकते हैं। सभी टाइम फ्रेम के जहाँ कुछ अपने फायदे ही, तो नुकसान भी हैं।

स्कैल्पिंग (scalping) के लिए उपयोग किए जाने वाले बहुत से टाइम फ्रेम हैं। सबसे आम एक 1 मिनट और 5 मिनट के चार्ट है। 5-मिनट चार्ट आपको अपने विजेताओं को 1-मिनट के चार्ट के मुकाबले ज्यादा समय तक रखने में मदद करेगा क्योंकि आपके पास अधिक मैक्रो परिप्रेक्ष्य हैं।

डे ट्रेडरों के लिए एक अच्छी चॉइस 15-मिनट का चार्ट और 1-घंटे का चार्ट है। जबकि स्विंग ट्रेडरों के लिए सबसे अच्छा टाइम फ्रेम डेली चार्ट है।

यदि आप अपने चार्ट की टेकनीकल एनालिसिस करने जा रहे हैं, तो ध्यान रखें, इस प्रकार का विश्लेषण बड़े टाइम फ्रेम पर बेहतर काम करता है। इस सिलसिले में एक अच्छा उदाहरण इस आलेख के दूसरे भाग में है, डबल टॉप और डबल बॉटम का कारोबार कैसे करें

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